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सीमाद्वार में जलभराव पर डीएम सख्त, 24 घंटे में सफाई और डिवाटरिंग के निर्देश.. .

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सीमाद्वार में जलभराव पर डीएम सख्त, 24 घंटे में सफाई और डिवाटरिंग के निर्देश.. .

 

देहरादून, 18 अगस्त। बारिश के कारण सीमाद्वार क्षेत्र में जलभराव की समस्या को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मंगलवार को आईटीबीपी रोड और सीमाद्वार क्षेत्र का औचक निरीक्षण कर जलभराव की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने नगर निगम और लोक निर्माण विभाग को तत्काल कार्रवाई के निर्देश देते हुए कहा कि आमजन को किसी भी स्थिति में परेशानी नहीं होनी चाहिए।

डीएम ने नगर निगम को 24 घंटे के भीतर सड़क किनारे नालियों में जमा मलबे और कूड़े की सफाई कराने तथा डिवाटरिंग पंप से पानी की निकासी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। लोनिवि को सड़क पर यातायात सुचारू रखने को कहा गया। जलभराव की स्थिति सामान्य होने तक पटवारी को सीमाद्वार क्षेत्र में ही तैनात रहकर लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं। त्वरित समाधान के लिए मौके पर आवश्यक बजट भी स्वीकृत किया गया।

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स्थायी समाधान के लिए बनेगी डीपीआर

जिलाधिकारी ने लोनिवि के अधीक्षण अभियंता को सीमाद्वार क्षेत्र की जलनिकासी व्यवस्था का विस्तृत सर्वे कर स्थायी ड्रेनेज सिस्टम के लिए डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजना केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि उसका तेजी से क्रियान्वयन भी सुनिश्चित किया जाए।

न्यूकैंट रोड पर अवैध पार्किंग और अतिक्रमण पर कार्रवाई

इससे पहले डीएम ने न्यूकैंट रोड पर यातायात व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। सेंट्रियो मॉल क्षेत्र में सड़क के दोनों ओर अवैध रूप से खड़े वाहनों पर उन्होंने नाराजगी जताई और पुलिस के माध्यम से दर्जनों वाहनों के चालान करवाए। सड़क किनारे संचालित अवैध फड़-फेरी और अस्थायी दुकानों को हटाने के निर्देश दिए गए।

डीएम ने संबंधित विभाग को नो-पार्किंग के स्पष्ट संकेतक बोर्ड लगाने तथा न्यूकैंट रोड के चौड़ीकरण के लिए तत्काल विस्तृत सर्वे कराने को कहा। चौड़ीकरण में बाधक पुलिस चेकपोस्ट और अन्य संरचनाओं को आवश्यकतानुसार शिफ्ट करने की कार्रवाई के भी निर्देश दिए गए।

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जिलाधिकारी ने कहा कि सड़क पर अतिक्रमण, अवैध पार्किंग और यातायात व्यवस्था में बाधा किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। संबंधित विभाग आपसी समन्वय से अभियान चलाकर कार्रवाई करें।

निरीक्षण के दौरान उप जिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह, अधीक्षण अभियंता लोनिवि ओपी सिंह, तहसीलदार सुरेंद्र देव सहित पुलिस, नगर निगम और संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

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